भोपाल पहुंचे ज्योतिरादित्य सिंधिया का बीजेपी ने किया भव्य स्वागत, गदगद हुए महाराज

कांग्रेस का हाथ छोड़ बीजेपी का दामन थामने के बाद ज्योतिरादित्य सिंधिया आज पहली बार भोपाल पहुंचे। जहां बीजेपी और उनके समर्थकों ने जबरदस्त तरीके से अपने महाराज का स्वागत किया, एयरपोर्ट से लेकर बीजेपी कार्यालय तक हजारों कार्यकर्ताओं ने ढोल नगाड़ों के साथ झूमते नाचते हुए, हाथों में फूलों की माला और फूलों के गुलदस्ते लिए साथ ही ज्योतिरादित्य सिंधिया जिंदाबाद के नारों से किया।

एयरपोर्ट पर हजारों कार्यकर्ताओं ने ज्योतिरादित्य सिंधिया का स्वागत किया। सिंधिया जब एयरपोर्ट से बाहर आए तो ढोल नगाड़ों के साथ लोग नाच रहे थे गा रहे थे और सिंधिया के जयकारे लगा रहे थे सिंधिया ने भी अपने कार्यकर्ताओं को मायूस नहीं किया सभी से अभिवादन स्वीकार किया। उनकी मालाओं को गुलदस्ता को एक-एक करके ग्रहण किया इसके बाद सिंधिया एयरपोर्ट से सीधे एक रोड शो के लिए निकले, रोड शो का नजारा देखते ही बनता था। एयरपोर्ट से बीजेपी कार्यालय तक की दूरी करीब 13 किलोमीटर की रही इस दौरान एयरपोर्ट से लेकर बीजेपी कार्यालय तक लोग रास्ते में खड़े रहे अपने राजा के स्वागत के लिए।

हाल के कुछ सालों में ऐसा पहले कभी देखने में नहीं आया जब किसी नेता का किसी शहर में किसी नेता का इतना भव्य स्वागत किया गया हो। भोपाल शहर आज पूरी तरीके से बीजेपी शामिल हुए पूर्व कांग्रेस नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के रंग में रंगा नजर आया,क्या आम क्या खास क्या छोटा क्या बड़ा मध्य प्रदेश बीजेपी का हर नेता उनके स्वागत में लगा रहा। खुद मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने उनके स्वागत की तैयारियों का जायजा लिया और प्रदेश कार्यालय में उनका भव्य स्वागत अपने हाथों से किया।

बीजेपी कार्यालय को  दुल्हन की तरह सजाया गया था। क्योंकि आज एक महाराजा बीजेपी में शामिल हुए हैं जो मध्य प्रदेश की आन बान शान के प्रतीक हैं,  वैसे तो सिंधिया परिवार का बीजेपी से पुराना नाता रहा है। यही कारण है कि ज्योतिरादित्य सिंधिया जब बीजेपी कार्यालय पहुंचे तो वहां सबसे पहले उन्होंने जनसंघ के संस्थापक पंडित दीनदयाल उपाध्याय,कुशाभाऊ ठाकरे और राजमाता विजय राजे सिंधिया की मूर्ति के  ज्योतिरादित्य सिंधिया के पिताजी  स्वर्गीय माधवराव सिंधिया की तस्वीर पर  पुष्प चढ़ाए और उनके आशीर्वाद लिया।

ज्योतिरादित्य सिंधिया पिछले 18 साल से कांग्रेस में शामिल थे लेकिन पिछले कुछ समय से अपने आप को कांग्रेस में ही उपेक्षित महसूस कर रहे थे यही कारण है कि वह कांग्रेस का साथ छोड़ अब बीजेपी में शामिल हो गए हैं और प्रदेश में कमल खिलाने की तैयारी में जुट गए हैं